बढ़ती महंगाई, किसान विरोधी काला कानून व स्थानीय जन समस्यायों को लेकर सीपीआई का प्रखंड मुख्यालय में धरना-प्रदर्शन



सारठ : पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत मंगलवार को सारठ प्रखंड मुख्यालय परिसर में भारतीय कम्यूनिस्ट पार्टी द्वारा एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया और बढ़ती महंगाई, काला कृषि कानून समेत 21 सूत्री मांगों का मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नाम ज्ञापन बीडीओ पल्लवी सिन्हा को सोंपा। वहीं दिन भर लगातार हुई झमाझम बारिश के बावजूद भी कार्यक्रम के लिए सीपीआई नेताओं-कार्यकर्त्ताओं का जुटान देख कई लोग हैरत भी करते दिखे। वहीं कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व जिला परिषद सदस्य सह भाकपा नेत्री छाया कोल ने की और धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाकपा नेता कॉमरेड पशुपति कोल ने कहा कि  केंद्र सरकार की किसान विरोधी नीति के खिलाफ पार्टी द्वारा देशभर में आंदोलन चलाया जा रहा है। इस आंदोलन को आगे बढ़ाने को लेकर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन के माध्यम से आम जनमानस को केंद्र सरकार की गलत नीतियों से अवगत कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सहित देश की आम जनता वर्तमान केन्द्र सरकार के कार्यकाल में बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी से त्रस्त हो गई है और तेजी से देश के सार्वजनिक संस्थानों का निजीकरण, किसानों के लिए लागू किये गये काला कानून, सहित अन्य जन विरोधी नीतियों के खिलाफ धरना प्रदर्शन के द्वारा केंद्र सरकार को चेतावनी दी जा रही है। पार्टी नेता कॉमरेड केशव नारायण सिंह ने कहा कि भारत सरकार की मात्र तीन योजनाएं, बेच दो, बंद कर दो ओर नाम बदल दो पर काम कर रही है। जबकि आज देश में बढ़ती पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों की वजह से रोजमर्रा की चीजों के दाम आसमान छू रहे हैं। जनता तबाह है और सरकार बेलगाम हो गई है। कहा कि नौ महीने से आंदोलनरत किसानों के समर्थन में आगामी 27 सितंबर को भारत बंद का भी निर्णय लिया गया है। वहीं पार्टी नेत्री छाया कोल ने कहा कि केन्द्र सरकार की आर्थिक, औद्योगिक एवं कृषि क्षेत्र में गलत नीतियों के कारण देश का हर वर्ग, किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान, महिला, दलित, पिछड़ा, आदिवासी, अल्पसंख्यक आदि का जीवन मुहाल हो गया है। ऐसी तमाम जन विरोधी नीतियों के खिलाफ आंदोलन किया जा रहा है। साथ ही राज्य के हेमंत सरकार के भी करीब दो वर्ष के कार्यकाल में जनता उपेक्षित है। राज्य में अनुबंध पर काम करने वाले लोगों का वादे के मुताबिक अब तक स्थायीकरण नहीं किया गया। इस मुद्दे पर भाकपा पार्टी द्वाराआंदोलन किया जा रहा है। मौके पर सतीश यादव, होपना मरांडी, योगेश्वर महतो, मनोज हेम्ब्रम, आदिनाथ मरांडी, बलराम यादव, सुरेंद्र मंडल, गणेश कोल, इकराम अंसारी, सरीफ अंसारी, मकबूल अंसारी, सहित अन्य उपस्थित थे।

कोई टिप्पणी नहीं