नमाजनीति को आगे कर जनता के सवालों को सरकार ने रोकने का काम किया:अनंत



साहिबगंज:--राजमहल विधायक अनंत ओझ नें हेमन्त सोरेन के सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सरकार द्वारा मॉनसून सत्र में नमाज नीति के माध्यम से युवाओ के रोजगार नीति रोकने का काम हुआ हैं। और विशेष कर विधानसभा में नमाज कक्ष का आवंटन कराना ये दुर्भाग्यपूर्ण हैं। उन्होंने ने कहा बाबा साहेब अंबेडकर ने पंथ निरपेक्ष के रूप में लोकतंत्र को संविधान दिया हैं। बाबा साहेब अंबेडकर के विचारों को दरकिनार करके जिस प्रकार तुष्टिकरण की राजनीति को पोषित करने के लिए सरकार के द्वारा कुशीत प्रयास किया गया।  राज्य सरकार को युवाओं का रोजगार पर अनुबंध कर्मियों के सवाल पर आंगनवाड़ी सेविका सहायका के सवाल पर राज्य की विकासात्मक योजनाएं पर सरकार पलायन करना था। इसलिए नामजनीति को आगे करके जनता के सवालों को सरकार ने रोकने का काम किया। वही दूसरी ओर राज्य सरकार ने नियोजन नीति लायी हैं उस नियोजन नीति के माध्यम से साहिबगंज जिला विशेषकर यहां के लोगों को दस साल के लिए फ़्रीज पर रखा गया था। अब साहिबगंज जिला में नियोजन नीति के माध्यम से तृतीय व चतुर्थ वर्ग में जो नियुक्ति होगी। उस में पूरे राज्य के अभ्यर्थियों को आवेदन करने लिए छूट होगी। जो कि साहिबगंज जिला जैसे पिछड़े के लिए सही नही हैं। 

पूर्व की रघुवर दास की सरकार में जो नियोजन नीति लायी गयी थी। उसके माध्यम से जहां एक ओर हिन्दी मगही अंगिका भोजपुरी मैथली जैसे क्षेत्रीय भाषा को उस में शामिल किया गया था। वही दूसरी ओर वर्तमान हेमन्त सोरेन की सरकार ने योजनाबद्ध तरीके से उर्दू को प्रथमिकता रखा। हिंदी मगही अंगिका भोजपुरी मैथली को दरकिनार कर युवाओं को रोजगार छीनने का काम किया।  उन्होंने ने कहां मेरे द्वार कार्यस्थगन के माध्यम से विधानसभा के पटल पर नयी नियोजन नीति के मामले को लेकर,अनुबंध कर्मियों के मामले को लेकर चर्चा कराने की मांग किया गया था। मगर सरकार नमाज नीति को प्रथमिकता देकर जनहित मुद्दे,युवाओं के रोज़गार पर चर्चा करने से भागती रही।

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