बिधि बिधान के साथ संपन्न हुआ बाबा गोसाईं की पूजा।बाबा को चढ़ाया गया जुड़ी मच्छब।



कुंडहित(जामताड़ा)शनिवार को कुंडहित प्रखंड के अम्बा गांव में बिधि बिधान के साथ किया गया बाबा गोसाईं की पूजा।बाबा की ये जुड़ी पूजा पुराने रीति रिवाज के आधार पर चले आ रहा है।ग्रामीणों की माने तो ये जुड़ी या मच्छब भोग बाबा को चढ़ाना ये लगभग बीते 50वर्षो से चले  आ रहा है।साथ ही तांशा पार्टी व कीर्तन कर बाबा को प्रसन्न करने का रिवाज भी साथ साथ चले आ रहा है।

बताते चले कि बाबा गोसाईं की ये जुड़ी पूजा तब शुरू हुई थी जब बरसात के दिनों में बारिश नही होती थी,उस समय के किसान आस पास के गांव के किसानों को व आमजनों को बाद्यकर द्वारा ढिंढोरा दिया जाता था कि बाबा गोसाईं हमसे रुष्ठ हो गया है,जिसके वजह से बारिश नही हो रहा है,और एक निर्दिष्ट दिन चाहे वो मंगलवार या शनिवार हो फिर बाबा गोसाईं को मनाने के लिए विशेष पूजा यानी जुड़ी भोग का प्रचलन हुआ।और ग्रामीणों की माने तो पूजा सम्पन्न होते होते बारिश शुरू हो जाती है।इस जुड़ी भोग में बाबा गोसाईं को मिट्टी की हांडी में खीर और खिचड़ी बनाकर भोग लगाया जाता है।वही जो इकठ्ठा हुआ चावल दाल बाकी सामग्री का हाटतला व गांव के लोग आपस मे मिलकर इमली के पेड़ के नीचे लकड़ी व गैस की चूल्हे से खिचड़ी व खीर बनाकर तैयार करते है।जब बाबा का मिट्टी के वर्तन में बना हुआ खीर खिचड़ी को बाबा को अर्पित कर बाकी  प्रसाद ग्रामीणों द्वारा बनाया गया खीर खिचड़ी में मिला दिया जाता है और ग्रामीण व आसपास के लोग इस महाप्रसाद को वितरण करते है।कहते है व देखा गया है,जब भी जुड़ी दिया जाता है उसदिन बहुत बारिश होता है।इस वर्ष बरसात के दस्तक के साथ साथ बेतहंशा बारिश हुई जिससे ग्रामीण व किसान खुशी से बाबा को प्रसन्न किया,ओर बाबा गोसाईं से मन्नत मांगा की इस साल खेती अच्छा हो।

कोई टिप्पणी नहीं