टीम भावना और आपसी समन्वय का बेहतर उदाहरण है तेजस्वनी क्लब:- उपायुक्त



उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी  मंजूनाथ भजंत्री की अध्यक्षता में जिला अंतर्गत सभी प्रखंडो में तेजस्वनी क्लब द्वारा टीकाकरण को लेकर किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस दौरान उपायुक्त ने प्रखंडवार तरीके से तेजस्वनी योजना में कार्यरत ब्लॉक कॉर्डिनेटर, फील्ड कॉर्डिनेटर, युथ फैसिलिटेटर(युवा-सूत्रधार), क्लस्टर कॉर्डिनेटर, संगी, तेजस्वनी क्लब के सदस्यों द्वारा अपने-अपने क्लस्टरों में शत प्रतिशत टीकाकरण को लेकर किए जा रहें कार्यों से अवगत हुए। साथ ही विभिन्न प्रखंडो में बेहतर प्रदर्शन करने वाले क्लस्टर के सदस्यों की सराहना करते हुए सभी प्रखंडो के क्लस्टर में कार्यरत स्टार युथ फैसिलिटेटर, क्लस्टर कॉर्डिनेटर एवं संगी को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित करने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया।

इसके अलावे उपायुक्त ने विभिन्न प्रखण्डों में कार्यरत तेजस्वनी क्लब में कार्यरत* सारवां प्रखंड क्लस्टर 01 की नेहा कुमारी, क्लस्टर 06 की आशावाला , मधुपुर प्रखंड क्लस्टर 08 की सुमन कुमारी, क्लस्टर 08 की रितु कुमारी, के कार्यों की प्रशंसा करते हुए अन्य प्रखंड के क्लस्टरों को इस दिशा में बेहतर कार्य करने का निर्देश दिया। आगे उपायुक्त द्वारा जानकारी दी गई की स्टार ऑफ़ द विक के रुप में एक युथ फैसिलिटेटर को चिन्हित करतें हुए जिन्होने बाल विवाह को होने से रोका हो उन्हे प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित करते हुए उपायुक्त कार्यालय को अवगत कराएं।

#इसके अलावे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान उपायुक्त  मंजूनाथ भजंत्री द्वारा जानकारी देते हुए कहा गया कि वर्तमान में बढ़ते कोरोना संक्रमण के संभावित तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए इस वर्ष श्रावणी मेला के आयोजन पर रोक लगाई गई है। सरकार व जिला प्रशासन के द्वारा कोरोना काल को लेकर जारी गाइडलाइंस के मुताबिक, मंदिरों में श्रद्धालुओं के जाने पर पाबंदी है। ऐसे में jhargovtv के माध्यम से सावन के पूरे महीने बाबा के ऑनलाइन दर्शन कर सकतें है। आगे उपायुक्त ने कहा की कोरोना संक्रमण के तीसरी लहर काफी खतरनाक साबित हो सकती है इसमें थोड़ी सी लापरवाही से खतरा काफी बढ़ सकता है , ऐसे में संक्रमण के खतरे से बचने के लिए वैक्सिनेशन सुरक्षा कवच है। आगे उन्होने कहा की आने वाले 100 दिन बहुत ही महत्त्वपूर्ण है। 100 दिनो के अंदर शत प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित कर आने वाले तीसरी लहर से लड़ा जा सकता हैं।

वर्तमान में टिकना है, तो टीका लें नारा को चरितार्थ करते हुए सबसे पहले आप सभी 834 क्लब के सभी सदस्य अपने शेष बचे परिजनों को जल्द से जल्द टीकाकरण कराना सुनिश्चित करने में जिला प्रशासन का सहयोग करें। आगे उन्होंने विभिन्न प्रखंडो के ब्लॉक कॉर्डिनेटर, फील्ड कॉर्डिनेटर, युथ फैसिलिटेटर क्लस्टर कॉर्डिनेटर, संगी से बातचीत करते हुए उनके कार्य योजना और शत प्रतिशत टीकाकरण को लेकर किए जाने वाले कार्यों से सभी को अवगत कराया। साथ ही उपायुक्त ने जिले के सभी प्रखंडों में कोविड जागरूकता, वैक्सीनेशन के अलावा बाल विवाह, दहेज प्रथा, कन्या भ्रूण हत्या से जुड़े बिंदुओ पर लगातार कार्य करने का निर्देश दिया, ताकि योजना का लाभ किशोरी, बालिकाओं और युवतियों तक सुलभ तरीके से पहुंच सके। इसके अलावे उपायुक्त ने कहा कि हम सभी जानते हैं कि बाल-विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के तहत 18 साल से कम आयु की लड़की और 21 साल से कम आयु के लड़के का विवाह करना दंडनीय अपराध है। यह अपराध गैर जमानती है। उपायुक्त ने कहा कि लोगों को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के तहत जागरूक करने की महत्वपूर्ण भूमिका आप सभी सदस्यों की है। उन्होंने कहा कि इस अधिनियम के तहत कोई व्यक्ति बाल-विवाह करता है या इसको बढ़ावा देता है और या फिर बाल विवाह करवाने में सहायता करता हो तो उसकी जानकारी जिला प्रशासन या जिला समाज कल्याण पदाधिकारी को दे, ताकि ऐसे लोगों को चिन्हित करते हुए आवश्यक कानूनी कार्यवाही की जा सके। #

साथ ही child helpline no.1098 पर संपर्क कर गुमशुदगी से संबंधित सूचना दे सकतें है।

■ शत प्रतिशत टीकाकरण अभियान में तेजस्वनी क्लब की भूमिका महत्वपूर्ण:- उपायुक्त....

इसके अलावे बैठक के दौरान उपायुक्त  मंजूनाथ भजंत्री ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि तेजस्विनी योजना को सिर्फ एक परियोजना समझकर नहीं बल्कि इसे मिशन मानकर कार्य करें, ताकि जिले की किशोरियों को हर स्तर से जागरूक और आत्मनिर्भर बनाया जा सके। आगे उपायुक्त ने कहा कि सभी प्रखंडो के कुल 100 क्लस्टरों को पूर्ण रूप से सक्रिय तरीक़े से कार्य कराने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया। साथ ही बैठक के दौरान बाल-विवाह, दहेज प्रथा, एनीमिया, कन्या भ्रूण हत्या, शौचालय के नियमित उपयोग, और सामाजिक सशक्तीकरण के संबंध में विस्तृत चर्चा करते हुए उपायुक्त ने सभी सदस्यों से इस दिशा में जमीनी स्तर पर बेहतर तरीके से कार्य करने का निर्देश दिया।

इस दौरान उपरोक्त के अलावे समाज कल्याण पदाधिकारी कनक तिर्की, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी रोहित कुमार विद्यार्थी, एसएमपीओ सुश्री सुधा राज, तेजस्विनी परियोजना के सभी ब्लॉक को-ऑर्डिनेटर, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी, जिला समन्वयक, युवा उत्प्रेरक, तेजस्वनी क्लब के सदस्य, क्लस्टर समन्वयक एवं तेजस्वनी परियोजना के 378 से अधिक सदस्य आदि बैठक में उपस्थित थे।

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