गोविंदपुर-जामताड़ा-दुमका-साहिबगंज एनएच के आसपास के क्षेत्रों को इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के रूप में विकसित करने की मुख्यमंत्री की घोषणा से संप के लोगों में हर्ष - चैम्बर



फेडरेशन ऑफ झारखण्ड चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के संताल परगना प्रक्षेत्र की ओर से मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन जी का संताल क्षेत्र में इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने की घोषणा का स्वागत किया गया है। फेडरेशन ऑफ झारखण्ड चैम्बर के संप क्षेत्रीय उपाध्यक्ष आलोक मल्लिक ने पूरे संप के व्यवसायियों की ओर से मुख्यमंत्री को साधुवाद देते हुए कहा है कि सरकार की इस योजना से क्षेत्र में औद्योगिक प्रगति होगी और व्यापक रोजगार की संभावनाओं का दरवाजा खुल जायेगा। इसके सफलीभूत होने से संताल क्षेत्र का आर्थिक पिछड़ापन दूर होगा।

 गोविंदपुर-जामताड़ा-दुमका-साहिबगंज एनएच के आसपास के क्षेत्रों का इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के रूप में विकसित कर यहां लॉजिस्टिक, वेयरहाउस तथा उद्योगों का जाल बिछाया जा सकता है। इससे संताल परगना का क्षेत्र समुचित विकसित क्षेत्र बन जायेगा। यह रोड कोयलांचल और संताल क्षेत्र का लाइफलाइन बनेगा क्योंकि इसकी कनेक्टिविटी साहिबगंज के नवनिर्मित बंदरगाह, देवघर एयरपोर्ट, रेलवे नेटवर्किंग के कारण शानदार और उद्यम प्रगति के सर्वाधिक अनुकूल है।

इसके साथ ही चैम्बर के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष आलोक मल्लिक ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि एसपियाडा (संताल परगना औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकरण) के विकास और क्रियान्वयन को भी संज्ञान में लेकर प्राथमिकता के साथ यहां औद्योगिक-व्यावसायिक गतिविधियां सुचारू बनाने की सरकार पहल करे। एसपियाडा के अंतर्गत संप में लगभग 12 औद्योगिक क्षेत्र चिन्हित हैं और जसीडीह एवं दुमका में आंशिक गतिविधियों के अलावे शेष सारे औद्योगिक क्षेत्र में सारी गतिविधियां ठप है। वर्तमान स्थिति में एसपियाडा में जसीडीह के बाद देवीपुर सबसे बड़ा (अनुमानतः 176 एकड़) औद्योगिक क्षेत्र है और यहां लगभग 81 प्लॉटों के आवंटन की प्रक्रिया 2 वर्षों से ज्यादा समय से पूरी की जा चुकी है, लेकिन विडंबना है कि उनमें से एक भी प्लॉट पर उद्यमियों को दखल नहीं दिलाया गया है। चैम्बर कई बार सरकार और उद्योग विभाग को संज्ञान में देकर उपयुक्त कार्रवाई की मांग करती रही है लेकिन कोई सुखद परिणाम नहीं आ रहे। अतः चैम्बर मुख्यमंत्री से अनुरोध करती है कि देवीपुर सहित संप के सभी चिन्हित औद्योगिक क्षेत्रों के प्रगति के लिए यथाशीघ्र उचित कार्रवाई करे।

साथ ही फेडरेशन के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष श्री मल्लिक ने बताया कि नेशनल इंडस्ट्रियल कॉरीडोर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन द्वारा झारखण्ड के लिए एक इंडस्ट्रियल कॉरिडोर का प्रस्ताव अनुमोदित है। राज्य सरकार को इसके लिए 1000 से 1500 एकड़ जमीन चिन्हित कर मुहैया कराना है। उन्होंने सरकार से मांग रखी है कि वर्तमान में देवघर-दुमका क्षेत्र की  रोड, रेल, वायु और जल सभी परिवहनों की बेहतरीन कनेक्टिविटी के मद्देनजर देवघर-दुमका के निकटवर्ती क्षेत्र में ही वांछित जमीन उपलब्ध कराकर औद्योगिक कॉरिडोर का प्रस्ताव भेजा जाय। इससे हमारा झारखण्ड क्षेत्र औद्योगिक के साथ-साथ सम्पूर्ण विकसित राज्य की श्रेणी में आने की ओर अग्रसर होगी।

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