रोहिणी शिवबारात महोत्सव के कलाकारों को सम्मानित करने का निर्णय



देवघर  : आगामी विश्व कला दिवस के अवसर पर स्थानीय ओमसत्यम इंस्टीट्यूट ऑफ फ़िल्म, ड्रामा एंड फाइन आर्ट्स तथा विवेकानंद शैक्षणिक, सांस्कृतिक एवं क्रीड़ा संस्थान के युग्म बैनर तले आगामी साप्ताहिक विश्व कला दिवस के अवसर पर रोहिणी शिवबारात महोत्सव के मुख्य कलाकारों को नटराज कला सम्मान पुरस्कार की मानद उपाधि से अलंकृत एवं विभूषित करने का निर्णय लिया गया है। इसकी जानकारी देते हुए ओमसत्यम इंस्टीट्यूट के निदेशक सह विवेकानंद संस्थान के केंद्रीय अध्यक्ष डॉ. प्रदीप कुमार सिंह देव ने कहा- महादेव की भूमिका में विक्की झा, माँ पार्वती की भूमिका में निशु मिश्रा, लंकापति रावण की भूमिका में संतोष वर्णवाल एवं अन्य कलाकारों ने बखूबी अपनी अदाकारी को प्रस्तुत करने में प्रशंसनीय भूमिका निभाई थी। सन 2006 से गौतम मिश्रा एवं जागेश्वर पांडेय, लगातार इस शिवबारात को निकलवाने में अपना योगदान देते आ रहे हैं। फिर क्रमशः विक्की राउत, राहुल राणा, निर्मल दुबे, प्रीतम राउत, प्रदुम शाह, वीरेश सिंह, उत्तम झा, रामकृष्ण झा, राहुल ठाकुर, अभिजीत शाह, गणेश केवट, चिंटू राउत, अनुराग सिन्हा, मोनू राणा, शांतनु मिश्रा, बाजो राउत, शंकर पांडेय, नुनु सिन्हा, विशाल सिंह, आनंद रमणी, रंजन ठाकुर, विक्रम मंडल, सोमनाथ शाह, राजा शाह, पुरुषोत्तम राउत इसमें जुड़ते गए। कला दिवस के संदर्भ में डॉ. देव ने कहा- हर साल 15 अप्रैल को कला के विकास, प्रचार-प्रसार और कला को बढ़ावा देने के लिए विश्व कला दिवस मनाया जाता है। विश्व कला दिवस ललित कलाओं का एक अंतरराष्ट्रीय उत्सव है जिसे अंतर्राष्ट्रीय संस्था ऑफ आर्ट द्वारा दुनिया भर में रचनात्मक गतिविधि के बारे में जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए हर साल मनाया जाता है। इस दिन को एक स्वतंत्र और शांतिपूर्ण दुनिया बनाने के लिए कला को बढ़ावा देना एक माध्यम के रूप में भी मनाया जाता है क्योंकि यह कलात्मक अभिव्यक्तियों की विविधता के बारे में अधिक जागरूकता को प्रोत्साहित करता है और स्थायी विकास के लिए कलाकारों की भूमिका को भी उजागर करता है।

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