झारखंड राज्य ग्रामीण बैंक कर्मचारी संघ की बैठक



शुक्रवार को झारखंड राज्य ग्रामीण बैंक कर्मचारी संघ की बैठक स्थानीय वैद्यनाथ होटल में आयोजित की गई। इसका मंच संचालन क्षेत्रीय सचिव दानी नाथ झा  ने किया। बैठक में बतौर अतिथि संघ के  महासचिव रंजन कुमार सहाय, गोड्डा के क्षेत्रीय सचिव  नितेश कुमार मिश्रा, दर्शन रविदास, जैकी अहमद खान, धर्मेंद्र चौधरी उपस्थित थे। बैठक में यूनियन के आगे की रणनीति तथा आगे के आंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई। सर्वप्रथम संघ के सभी पदाधिकारियों द्वारा कोरोना से हुए साथियों की मृत्यु के लिए 2 मिनट का मौन रखा गया। इसके बाद दादा दिलीप मुखर्जी को याद किया गया। क्षेत्रीय सचिव नितेश कुमार मिश्रा ने कहा कि बैंक प्रबंधन पिछले 2 सालों से कार्यालय अनुचर भाइयों को  पदोन्नति नहीं दे रही है, यह काफी चिंताजनक विषय है। यदि मांगे नहीं मानी गई तो चरणबद्ध तरीके से आंदोलन किया जाएगा। बैंक प्रबंधन कार्यालय अनुचर भाइयों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। महासचिव रंजन कुमार सहाय ने कहा कि अध्यक्ष महोदय को पत्र लिखकर सारी समस्यओं जैसे कार्यालय अनुचर का प्रमोशन ना होना, की अलाउंस में असमानता, दफ्तरी भत्ता ना मिलना, आदि प्रमुख मांगे शामिल है। महासचिव ने कहा कि अध्यक्ष महोदय से संतोषप्रद जवाब ना मिलना पर हम आंदोलन के लिए बाध्य हो जाएंगे। इसी तरह सभी प्रमुख वक्ताओं ने अपनी बातें कहीं। नितेश मिश्रा ने दादा मुखर्जी को याद करते हुए कहा कि मुझे अफसोस है कि अपने जिंदगी में मुझे कभी दादा को सीधे सुनने का अवसर नहीं मिला। दादा का सबसे बड़ा सपना था कि ग्रामीण बैंकों के कर्मचारी को भी बैंकर समझा जाए। क्योंकि शुरुआत में तो सरकार ने हमें बैंकर मानने से इनकार कर दिया था। सभा को संबोधित करते हुए दर्शन रविदास, जैकी अहमद खान, धर्मेंद्र चौधरी, दानी नाथ झा ने अरेबिया तथा बेफी के इतिहास, अरेबिया द्वारा जीती गई लड़ाईयो से युवा साथियों को अवगत करवाया तथा आगे के आंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई। बैठक में मुख्य रूप से मुकेश कुमार झा, कुंदन चौधरी, कुमार गौरव, धर्मेंद्र मुर्मू,  समेत कई सदस्य उपस्थित थे।

No comments