काव्य मंच के तत्वावधान मे हिंदी दिवस के पावन पुनीत अवसर पर ऑन लाइन काव्य संध्या का हुआ आयोजन



साहिबगंज:- हिंदी दिवस के अवसर पर आरण्यक काव्य मंच के तत्वधान में हिंदी दिवस के पावन पुनीत अवसर पर कल शाम ओन लाइन काव्य संध्या साहित्यकार राजेन्द्र प्रसाद ठाकुर की अध्यक्षता में संपन्न हुई।कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर सरस्वती वंदना के साथ प्रारंभ हुआ।सर्वप्रथम आरण्यक काव्य मंच के संयोजक विजय भारती ने विद्वत कविगण का स्वागत करते हुए हिंदी दिवस की शुभकामना दी।काव्य संध्या मे झारखंड,बिहार एवं पश्चिम बंगाल के नामचीन कवियों ने हिस्सा लिया।अरुण कुमार रतन आकशवाणी भागलपुर के पूर्व उदघोषक ने अपनी रचना प्रस्तुत की।कवयित्री रेणु बाला ने अपनी कविता बन जाए पत्थर भगवान जो मन मे श्रद्धा आ जाए प्रस्तुत किया।सत्येन्द्र पाण्डेय जी ने हिन्दी पर अपनी रचना प्रस्तुत की।कवयित्री गरिमा ने भी अपनी.सुन्दर प्रस्तुति दी।प्रसिद्ध कवि व्याख्याता,साहित्य रत्न, अंग.सपूत अंजनी कुमार सुमन  जी ने, कई सपनो के आने से सपना टूट जाता है की शानदार प्रस्तुति दी।विजय कुमार भारती जी ने जन -जन की भाषा हिन्दी है प्रस्तुति देकर कार्यक्रम मे हिन्दी की महत्ता क बताया।प्रमोद निराला ने दुआएं मेरी आप रहे सलामत गाकर सबका दिल जीत लिया।कवि विनय कुमार झा ने अपनी शानदार प्रस्तुति की।कवि उमेश मोदी ने हम ही हिन्दी पनपने नही देते की शानदार प्रस्तुति दी।कवि शैलेन्द्र ने प्रश्न बडा है बनो महान प्रस्तुत किया।सच्चिदानंद साह ने हिन्द की हिन्दी हम है कार्यक्रम मे युवा कवि अमन होली हिंदी की महत्वता पर प्रकाश डालते हुए हिंदी मेरी शान है और हिंदी अंग्रेजी दोनों के बीच समरसता स्थापित हो इसके लिए हिंदी मां है और अंग्रेजी मौसी शीर्षक से कविता का पाठन किया,विद्याधर साह,श्वेता कुमारी,हर्ष चौहान उपस्थित थे।कार्यक्रम का सफल संचालन भगवती रंजन पाण्डेय ने किया।विजय भारती ने धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम के समापन की घोषणा की।


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